ब्यूरो-टिहरी से रुद्रप्रयाग स्थानांतरित किए गए जिलाधिकारी डॉ. सौरभ गहरवार के इस्तीफे की चर्चाएं दिन भर राजनीतिक गलियारों से लेकर इंटरनेट मीडिया तक में चली, लेकिन देर शाम इन पर स्वयं गहरवार ने विराम लगा दिया। नौकरशाही से जुड़े इस प्रकरण को लेकर तीखी प्रतिक्रिया भी देखने को मिली। कहा गया कि जब अफसर ही पहाड़ नहीं चढ़ेंगे तो चिकित्सकों व शिक्षकों के कैसे पर्वतीय क्षेत्रों में भेजा जा सकेगा। देर शाम आइएएस डॉ. सौरभ गहरवार ने कहा कि उनके इस्तीफे की खबर निराधार हैं। वे सोमवार को रुद्रप्रयाग में अपना पद ग्रहण कर लेंगे।टिहरी से रुद्रप्रयाग स्थानांतरित किए गए जिलाधिकारी डॉ. सौरभ गहरवार के इस्तीफे की चर्चाएं दिन भर राजनीतिक गलियारों से लेकर इंटरनेट मीडिया तक में चली, लेकिन देर शाम इन पर स्वयं गहरवार ने विराम लगा दिया। नौकरशाही से जुड़े इस प्रकरण को लेकर तीखी प्रतिक्रिया भी देखने को मिली। कहा गया कि जब अफसर ही पहाड़ नहीं चढ़ेंगे तो चिकित्सकों व शिक्षकों के कैसे पर्वतीय क्षेत्रों में भेजा जा सकेगा। देर शाम आइएएस डॉ. सौरभ गहरवार ने कहा कि उनके इस्तीफे की खबर निराधार हैं। वे सोमवार को रुद्रप्रयाग में अपना पद ग्रहण कर लेंगे।शासन ने शनिवार देर रात दो आइएएस अधिकारियों के पदभार बदले थे। टिहरी व रुद्रप्रयाग जिले के जिलाधिकारियों का स्थानांतरण किया था। जिलाधिकारी रुदप्रयाग मयूर दीक्षित को टिहरी और जिलाधिकारी टिहरी डॉ. सौरभ गहरवार का स्थानांतरण रुद्रप्रयाग किया गया। रविवार दोपहर से अचानक ही आइएएस डॉ. सौरभ गहरवार के इस्तीफे की चर्चाओं ने जोर पकड़ लिया। इंटरनेट मीडिया में चर्चा रही कि स्थानांतरण के विरोध में आइएएस डॉ. सौरभ गहरवार ने मुख्य सचिव कार्यालय को अपना इस्तीफा भेज दिया है। कहा गया कि गहरवार टिहरी जैसे बड़े जिले से अपेक्षित छोटे जिले रुद्रप्रयाग स्थानांतरण किए जाने से खुश नहीं थे। वैसे सच यह भी है कि छोटा जिला होने के बावजूद रुद्रप्रयाग को अधिकारियों के लिए बेहद चुनौतीपूर्ण माना जाता है।रुद्रप्रयाग के जिलाधिकारी रहे आइएएस मंगेश घिल्डियाल को अपने उत्कृष्ट कार्य के बूते ही प्रधानमंत्री कार्यालय में तैनाती मिली। डॉ. सौरभ गहरवार के जिलाधिकारी रहते हुए ही पिछले दो महीने में टिहरी जिले के अंतर्गत नरेंद्र नगर में जी-20 सम्मेलन के अंतर्गत दो बैठकों का आयोजन किया गया। इस्तीफे की चर्चा के दौरान यह भी कहा गया कि दोपहर में शासन स्तर के बड़े अधिकारी भी टिहरी पहुंचे। सचिव कार्मिक शैलेश बगोली से संपर्क करने पर उन्होंने किसी आइएएस अधिकारी के इस्तीफे की जानकारी से इन्कार किया। यद्यपि, देर शाम स्वयं जिलाधिकारी डॉ. सौरभ गहरवार ने इन चर्चाओं पर विराम लगा दिया।







