ब्यूरो -राजपुर थाना पुलिस ने करीब एक वर्ष पहले हुई 10 लाख रुपये के हीरे और सोने के आभूषणों की चोरी का पर्दाफाश करते हुए घरेलू सहायिका को गिरफ्तार कर लिया। आरोपित की गिरफ्तारी का सबसे बड़ा सुराग इंस्टाग्राम पर पोस्ट की गई उसकी तस्वीर बनी, जिसमें वह कथित रूप से चोरी का हीरे का हार पहने दिखाई दी।राजपुर क्षेत्र निवासी नितिशा वत्स ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि करीब एक वर्ष पहले उनके घर से हीरे और सोने के कीमती आभूषण गायब हो गए थे। शुरुआत में उन्हें लगा कि शायद गहने कहीं रख दिए गए हैं या किसी रिश्तेदार को दिए होंगे। उस समय घर में काम करने वाली घरेलू सहायिका विमला ने भी यही बात कहकर उन्हें भरोसा दिलाया, जिससे उस पर किसी को संदेह नहीं हुआ।कुछ दिन पहले शिकायतकर्ता के एक परिचित ने इंस्टाग्राम पर एक महिला की तस्वीर दिखाई। तस्वीर में महिला ने जो हीरे का हार पहन रखा था, वह शिकायतकर्ता के गायब हुए हार से मिलता-जुलता था। पहचान करने पर पता चला कि तस्वीर में दिखाई दे रही महिला उनकी पूर्व घरेलू सहायिका विमला थी। इसके बाद उन्होंने राजपुर थाने में तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की।मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी प्रमेन्द्र डोबाल के निर्देश पर पुलिस टीम का गठन किया गया। जांच के दौरान मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने शुक्रवार को जोहड़ी रोड से आरोपित विमला देवी को गिरफ्तार कर लिया। उसकी निशानदेही पर पुलिस ने एक हीरे का हार, सोने का लॉकेट, दो सोने की अंगूठियां, एक सोने का पेंडेंट तथा एक मोबाइल फोन बरामद किया। बरामद आभूषणों की अनुमानित कीमत करीब 10 लाख रुपये आंकी गई है। पूछताछ में आरोपित ने बताया कि वह नितिशा वत्स के घर घरेलू सहायिका के रूप में कार्यरत थी। इस दौरान उसने घर के लॉकर में रखे महंगे आभूषण देखे और मौका मिलते ही उन्हें चुरा लिया। चोरी के बाद उसने मालकिन को यह विश्वास दिलाया कि गहने कहीं और रखे होंगे। आरोपित ने यह भी स्वीकार किया कि उसने कई बार चोरी के आभूषण बेचने का प्रयास किया, लेकिन महंगे हीरे के आभूषण होने के कारण वह उन्हें बेच नहीं सकी।पुलिस ने आरोपित विमला, निवासी लखीमपुर खीरी (उत्तर प्रदेश) एवं हाल निवासी बापू नगर, जाखन, को न्यायालय में पेश कर दिया है। मामले के सफल खुलासे पर एसएसपी देहरादून ने पुलिस टीम को 2,500 रुपये का नगद पुरस्कार देने की घोषणा की है।






