ब्यूरो -अल्मोड़ा। उत्तराखंड के पहाड़ी जिलों में लगातार हो रही बारिश के बीच अल्मोड़ा से मंगलवार सुबह दर्दनाक हादसे की खबर सामने आई। सोमेश्वर थाना क्षेत्र के वडयूडा गांव में भारी बारिश के कारण पहाड़ी से आया मलबा एक मकान की दीवार तोड़ते हुए घर के अंदर घुस गया। हादसे के समय कमरे में सो रहे एक ही परिवार के तीन लोग मलबे में दब गए। रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद तीनों के शव बरामद किए गए।
जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी विनीत पाल के अनुसार, मंगलवार सुबह करीब चार बजे जिला आपदा कंट्रोल रूम को 112 के माध्यम से सूचना मिली कि वडयूडा गांव के एक मकान में मलबा घुस गया है और कुछ लोग उसके अंदर दबे हुए हैं। सूचना मिलते ही प्रशासन, एसडीआरएफ, पुलिस और फायर सर्विस की टीमें राहत-बचाव उपकरणों के साथ घटनास्थल के लिए रवाना हुईं।
दीवार तोड़कर घर के अंदर घुसा भारी मलबा
बताया गया कि मकान के एक हिस्से में परिवार के बुजुर्ग मौजूद थे, जबकि बगल के कमरे में परिवार के तीन सदस्य सो रहे थे। इसी दौरान मकान के पीछे की ओर से भारी मात्रा में मलबा आया और दीवार को तोड़ते हुए कमरे के अंदर जा घुसा। हादसे में जान गंवाने वालों की पहचान प्रेमा देवी (42 वर्ष), पत्नी राजेंद्र राम, कल्पना आर्या (19 वर्ष), पुत्री राजेंद्र राम और मनीष कुमार (18 वर्ष), पुत्र राजेंद्र राम के रूप में हुई है। घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय लोग भी मौके पर पहुंचे और राहत-बचाव कार्य में जुट गए।
तीन किलोमीटर पहले सड़क पर था मलबा, पैदल घटनास्थल पहुंची एसडीआरएफ
घटनास्थल से करीब तीन किलोमीटर पूर्व मार्ग पर मलबा आने के कारण सड़क अवरुद्ध थी। ऐसे में एसडीआरएफ की टीम आवश्यक रेस्क्यू उपकरण लेकर पैदल ही घटनास्थल की ओर रवाना हुई। टीम ने मौके पर पहुंचकर स्थानीय लोगों, फायर सर्विस और जिला पुलिस के साथ समन्वय स्थापित किया और मलबे में दबे लोगों की तलाश शुरू की।
एसडीआरएफ जवानों ने सघन सर्च एवं रेस्क्यू अभियान चलाते हुए मलबा हटाया और तीनों लोगों के शव बाहर निकाले। रेस्क्यू ऑपरेशन पूरा होने के बाद शवों को आवश्यक कार्रवाई के लिए भेजा गया।
बुजुर्ग गुलाब राम सुरक्षित निकले
हादसे के दौरान परिवार के एक अन्य सदस्य गुलाब राम मकान के बाहर स्थित कमरे में सो रहे थे। मकान का हिस्सा ढहने के दौरान वह सुरक्षित बाहर निकलने में सफल रहे।
अधिकारी मौके पर पहुंचे, तीन जेसीबी से हटाया जा रहा मलबा
घटना की सूचना के बाद सीओ रानीखेत, एसडीएम, तहसीलदार समेत प्रशासन के अन्य अधिकारी भी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने राहत एवं बचाव कार्य का जायजा लिया। दो एंबुलेंस भी घटनास्थल पर भेजी गई थीं। रास्ते में मलबा आने के बावजूद राहत-बचाव टीमों को समय पर घटनास्थल तक पहुंचाया गया। सड़क पर आए मलबे को हटाकर मार्ग खोल दिया गया है। फिलहाल तीन जेसीबी मशीनों की मदद से मकान और आसपास जमा मलबा हटाने का काम जारी है।






