ब्यूरो -विकासखंड कीर्तिनगर के राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय कणोली के प्रस्तावित विलय को लेकर ग्रामीणों ने विरोध तेज कर दिया है। बुधवार को कणोली में आयोजित बैठक में ग्रामीणों ने शासन के निर्णय का विरोध करते हुए खंड शिक्षा अधिकारी कीर्तिनगर के माध्यम से शासन को ज्ञापन भेजा और विद्यालय के विलय का प्रस्ताव तत्काल निरस्त करने की मांग की।ग्रामीणों का कहना है कि विद्यालय में छात्र संख्या लगातार बढ़ रही है और यहां पांच ग्राम पंचायतों के छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं। दूरस्थ गांवों से विद्यालय की दूरी लगभग 18 से 20 किलोमीटर है। ऐसे में विद्यालय का विलय होने से विद्यार्थियों को लंबी दूरी तय करनी पड़ेगी, जिससे उनकी पढ़ाई प्रभावित होने की आशंका है।ग्रामीणों ने बताया कि विद्यालय का परीक्षा परिणाम लगातार शत-प्रतिशत रहा है। विद्यालय परिसर के समीप संकुल संसाधन केंद्र भी संचालित है, जहां भी विद्यार्थियों की संख्या संतोषजनक है। उनका कहना है कि क्षेत्र घने जंगलों से घिरा है, जहां गुलदार और भालू जैसे जंगली जानवरों का खतरा बना रहता है। साथ ही परिवहन सुविधाएं भी सीमित हैं, इसलिए विलय का निर्णय छात्र हित में नहीं है।ग्रामीणों ने प्रशासन से जनभावनाओं, छात्रों की सुरक्षा और क्षेत्र की भौगोलिक परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए विद्यालय के विलय का निर्णय वापस लेने की मांग की। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांग पर सकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई तो वे आंदोलन के लिए बाध्य होंगे। इस दौरान ग्राम प्रधान जगदीश लाल, अनूप बड़ोनी, दीपक बड़ोनी, रश्मि बड़ोनी, मीनाक्षी देवी, सरोजनी देवी, पुष्पा देवी, सुनीता देवी, रूचि देवी, अंजना देवी, गीता देवी सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।






