श्रीनगर गढ़वाल : राजकीय मेडिकल कॉलेज श्रीनगर के प्राचार्य डॉ. सीएमएस रावत ने कहा कि बेस अस्पताल में लगातार सुविधाओं के विस्तार से मरीजों का भरोसा बढ़ा है। मेडिकल कॉलेज में आयोजित पत्रकार संवाद में उन्होंने अस्पताल की उपलब्धियों, चिकित्सा शिक्षा, निर्माण कार्यों और आगामी योजनाओं की जानकारी दी।डॉ. रावत ने बताया कि मरीजों की समस्याओं के समाधान के लिए बेस अस्पताल में मरीज सहायता एवं जनसंपर्क कार्यालय शुरू किया गया है। अस्पताल की गतिविधियों और उपलब्धियों को लोगों तक पहुंचाने के लिए अब हर माह न्यूज लेटर जारी किया जाएगा। साथ ही अस्पताल का मासिक डेटा भी संकलित किया जाएगा।उन्होंने बताया कि मेडिकल कॉलेज से अब तक 165 छात्र पीजी की पढ़ाई पूरी कर चुके हैं, जबकि 114 विद्यार्थी वर्तमान में विभिन्न पीजी पाठ्यक्रमों में अध्ययनरत हैं। अस्पताल परिसर में पार्किंग का निर्माण जारी है, जबकि फैकल्टी के लिए ट्रांजिट हॉस्टल का निर्माण पूरा हो चुका है। मेडिकल कॉलेज और बेस अस्पताल में अब तक 170 से अधिक विकास कार्य किए जा चुके हैं।डॉ. रावत ने बताया कि एनसीएएचपी के तहत जल्द चार नए पैरामेडिकल पाठ्यक्रम शुरू किए जाएंगे। इनमें रेस्पिरेटरी टेक्नोलॉजिस्ट, ऑप्टोमेट्री, डाइटिशियन एवं न्यूट्रिशनिस्ट तथा डायलिसिस थेरेपी टेक्नोलॉजी शामिल हैं। इससे युवाओं को रोजगार के नए अवसर मिलेंगे।बेस अस्पताल की डायलिसिस यूनिट का संचालन जल्द हंस फाउंडेशन को सौंपा जाएगा। संस्था की टीम बुधवार को अस्पताल पहुंचेगी और जल्द एमओयू के बाद संचालन की प्रक्रिया शुरू होगी।प्राचार्य ने कहा कि चिकित्सा शिक्षा निदेशक डॉ. आशुतोष सयाना के श्रीनगर मेडिकल कॉलेज में पूर्व कार्यकाल का अनुभव भी संस्थान के विकास में लाभकारी साबित होगा। कार्यक्रम में वरिष्ठ वित्त नियंत्रक प्रशांत कुमार शर्मा, चिकित्सा अधीक्षक डॉ. एएन पांडेय सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।







